भिलाई/विगत दिनों कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अनिल सिंह ने अपनी ही पार्टी में कांग्रेस सेवादल के प्रदेश महासचिव राजेश गुप्ता और उनके सुपुत्र निशांत गुप्ता पर महादेव आईडी का सिंडीकेट चलाने का आरोप लगाते हुए जिला पुलिस अधीक्षक दुर्ग को लिखित में एक ज्ञापन सौंपा हैं जिसमें सीधे- सीधे उक्त नेता को टारगेट में लिया हैं। प्राप्त जानकारी अनुसार 27 मई 2026 को अनिल सिंह ने ज्ञापन दिया है जिसमें साफ – साफ उल्लेख हैं कि सट्टा व जुआं एक सामाजिक बुराई के रूप में हैं जो कि समाज को निरंतर खोखला करता जा रहा हैं राज्य भर में दुर्ग जिला पुलिस द्वारा निरंतर कार्रवाई की खबरें भी मिलती रहती हैं राज्य में इसके खिलाफ कठोर अधिनियम छत्तीसगढ़ जुआं प्रतिरोध अधिनियम 2022 पारित किया गया है जिसमें कड़े प्रावधान हैं। इसके बाद भी इन तत्वों का दुस्साहस चरम पर है ये अपने आपको कानून के ऊपर समझते हैं तथा क्षेत्र के जनप्रतिनिधि व पुलिस अधिकारियों के नाम निसंकोच लेते हैं एवं उनका संरक्षण प्राप्त बताते हैं। इनके मकड़जाल में फंसने के बाद कईयों को अपने जान से हाथ धोना पड़ा हैं और कई परिवार बर्बाद हो गए हैं उदाहरण स्वरूप मोहन रामटेके,कोहका,हाउसिंग बोर्ड निवासी 26 मार्च 2026 को आत्महत्या किया। मोतीलाल जैन 25 अप्रैल 2026 को जहरीली दवा खाकर जान देने का प्रयास किया वह अपने पुत्र नितेश के महादेव सट्टा के जाल में फंसकर कर लाखों का नुकसान कर डाला तथा सिंडीकेट द्वारा बाहुबली का सहारा लेकर परिवार को आर्थिक के साथ मानसिक प्रताड़ना भी दिया गया जिससे मोतीलाल जैन को जहर सेवन करना पड़ा। अनिल सिंह ने आगे लिखा हैं कि “” राजेश प्रसाद गुप्ता/स्व. ललन प्रसाद गुप्ता एवं निशांत कुमार गुप्ता/ राजेश प्रसाद गुप्ता, निवास – सुभाष चौक,ताड़ी लाईन,सुशांत किराना स्टोर्स, कैम्प 2 भिलाई के द्वारा गत 4 – 5 वर्षो से महादेव सट्टा का सिंडीकेट चला रहा हैं अपने आपको राजनेता व कांग्रेस से जुड़ा बताता हैं। ये पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, पूर्व गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू जैसे नेताओं के साथ फोटो दिखाकर प्रभाव दिखाने का काम करते हैं इन कई वर्षों में अकूत संपत्ति अर्जन किए हैं। राजेश प्रसाद गुप्ता की पृष्ठभूमि आपराधिक रही हैं, 1994 – 1995 में जाली करेंसी के मामले भी इन पर दर्ज हैं, पिता और पुत्र मिलकर सिंडीकेट का संचालन प्रदेश व अन्य राज्यों में भी करते हैं जिसमें बाहुबली जनप्रतिनिधि और प्रशासन की संलिप्तता भी हैं ऐसा इनके द्वारा धौंस दिया जाता हैं। निश्चित रूप से यह बड़ा गंभीर मामला है और चिंता का विषय भी हैं प्रदेश में कांग्रेस शासन के दौरान महादेव सट्टा को भाजपा हमेशा आरोप लगाती रही हैं सत्ता परिवर्तन के भाजपा सरकार का इस मामले में रुख क्या रहता हैं यह देखना है। आज जब कांग्रेस के प्रदेश स्तर के नेता पर सिंडीकेट चलाने का आरोप लग रहा हैं तो पुलिस प्रशासन क्या कार्यवाही करता हैं अब आम जनता को यह देखना हैं। ( क्रमशः)
