दुर्ग/छत्तीसगढ़ शासन के आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग द्वारा छुआछूत निवारणार्थ संचालित ’अंतर्जातीय विवाह प्रोत्साहन योजना’ के तहत जिले के कुल 65 दंपत्तियों के लिए 1 करोड़ 62 लाख 50 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि स्वीकृत की गई है। सहायक आयुक्त, आदिवासी विकास से मिली जानकारी के अनुसार, इस योजना के तहत प्रत्येक पात्र दंपत्ति को कुल ₹2.50 लाख की नकद प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाती है। इस राशि में से ₹1.00 लाख सीधे हितग्राही के खाते में हस्तांतरित (डीबीटी) कर दिए जाते हैं, जबकि शेष ₹1.50 लाख की राशि को तीन वर्ष के लिए संयुक्त सावधि जमा (फिक्स डिपोजिट) के रूप में सुरक्षित रखा जाता है। दंपत्ति के तीन वर्ष का सफल वैवाहिक जीवन पूर्ण करने के उपरांत इस शेष राशि का भुगतान भी उन्हें कर दिया जाता है।